ParamhansShrirambabajee: वनगमन में राम लता, पत्तों से सीता का पता पूछते हैं, परमहंस श्रीराम बाबाजी गायों से, यही तो विधात्री क्रियाएं हैं

परमहंस श्रीराम बाबाजी हनुमानजी श्रृंखलाः आलेख-7 बरुण सखाजी श्रीवास्तव परहित बस जिनके मन माहीं, तिनको जग दुर्लभ कछु नाहीं। परमहंस श्रीराम बाबाजी अक्सर गाया करते थे। वे सशरीर इस संसार में हनुमानजी के रूप में विराजमान रहे। परहित की कल्पना…








